टूटा हुआ फूल
4 में से भाग 1
जब गुरु हर राय जी छोटे बालक थे, वे एक लंबा, खुला चोला पहनकर बगीचे में घूम रहे थे।
साखियाँ गुरु साहिबान और बहादुर सिखों के जीवन की छोटी-छोटी कहानियाँ हैं। हर एक में एक सीख है जिसे हम रोज़ अपना सकते हैं।
4 में से भाग 1
जब गुरु हर राय जी छोटे बालक थे, वे एक लंबा, खुला चोला पहनकर बगीचे में घूम रहे थे।
साखियाँ सैकड़ों सालों से सुनाई और दोहराई जाती रही हैं, इसलिए छोटी-छोटी बातें एक सुनाने वाले से दूसरे तक थोड़ी अलग हो सकती हैं।