भाई लालो और मलिक भागो
4 में से भाग 1
सैदपुर नगर में गुरु नानक देव जी भाई लालो के घर ठहरे। भाई लालो एक गरीब बढ़ई थे, जो ईमानदारी से अपनी रोज़ी कमाते थे।
साखियाँ गुरु साहिबान और बहादुर सिखों के जीवन की छोटी-छोटी कहानियाँ हैं। हर एक में एक सीख है जिसे हम रोज़ अपना सकते हैं।
4 में से भाग 1
सैदपुर नगर में गुरु नानक देव जी भाई लालो के घर ठहरे। भाई लालो एक गरीब बढ़ई थे, जो ईमानदारी से अपनी रोज़ी कमाते थे।
साखियाँ सैकड़ों सालों से सुनाई और दोहराई जाती रही हैं, इसलिए छोटी-छोटी बातें एक सुनाने वाले से दूसरे तक थोड़ी अलग हो सकती हैं।